Default Left Ad
Default Right Ad
Default left Ad
Default right Ad
• gorakhpur, cm yogi, cold day, Allegation, public, police station, press club • गोरखपुर / चरगांवा • 22-01-2026

कैंट थाना क्षेत्र में सार्वजनिक रास्ते पर कब्जे का आरोप, 50 से अधिक परिवारों का जनजीवन प्रभावित, प्रेस क्लब में फूटा दर्द

रूरल न्यूज़ नेटवर्क, गोरखपुर। कैंट थाना क्षेत्र के सिंधडिया मोहल्ले में वर्षों पुराने सार्वजनिक रास्ते पर जबरन कब्जे का आरोप लगाते हुए मोहल्लेवासियों ने गोरखपुर जर्नलिस्ट प्रेस क्लब में प्रेस वार्ता कर अपनी पीड़ा सामने रखी। प्रेस वार्ता में सिंधडिया निवासी प्रदीप चौधरी ने बताया कि उनके मोहल्ले का मुख्य रास्ता, जिससे होकर लगभग 50 से अधिक परिवारों का आवागमन होता है, उसे संकुचित कर बंद करने का प्रयास किया जा रहा है। प्रदीप चौधरी ने आरोप लगाया कि कुंवर गौरव सिंह उर्फ प्रिंस सिंह यह कहते हुए रास्ता रोक रहे हैं कि उक्त भूमि की रजिस्ट्री उनके नाम हो चुकी है और अब वे जितना रास्ता देंगे, उतने में ही मोहल्लेवासियों को संतोष करना होगा। उन्होंने बताया कि महादेव झारखंडी, टुकड़ा नंबर-1 स्थित गाटा संख्या 364 366 में उनका पुस्तैनी मकान और सहन है और इसी रास्ते का उपयोग वर्षों से स्थानीय लोग करते रहे हैं।

Image Source Here...

मोहल्लेवासियों के अनुसार, पहले इस रास्ते की चौड़ाई लगभग 15 फीट थी, जिससे चार पहिया वाहनों सहित सामान्य आवागमन सुचारू रूप से होता था। लेकिन हाल के दिनों में जेसीबी मशीन लगाकर पहले छोड़ी गई बाउंड्री तोड़ दी गई और रास्ता धीरे-धीरे संकुचित कर दिया गया। विरोध करने पर पहले 8 फीट और फिर केवल 5 फीट रास्ता देने की बात कही गई, जो किसी भी दृष्टि से पर्याप्त नहीं है।

प्रदीप चौधरी ने कहा कि 5 या 8 फीट चौड़े रास्ते से तो चार पहिया वाहन निकल सकते हैं और ही आपात स्थिति में एम्बुलेंस या फायर ब्रिगेड जैसी सेवाएं पहुंच पाएंगी। इससे कभी भी बड़ी दुर्घटना या जनहानि हो सकती है। उन्होंने इसे सुनियोजित तरीके से सार्वजनिक रास्ते पर कब्जा करने की कोशिश बताया।

प्रेस वार्ता में बड़ी संख्या में महिला और पुरुष मौजूद रहे। सभी ने एक स्वर में कहा कि यह रास्ता पूरे मोहल्ले और आगे बसे दर्जनों परिवारों की जीवनरेखा है। रास्ता बंद होने से बच्चों, बुजुर्गों और महिलाओं को रोजमर्रा के आवागमन में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।

पीड़ितों ने शासन और जिला प्रशासन से मांग की कि कथित भू-माफिया द्वारा किए गए अवैध कब्जे की निष्पक्ष जांच कराई जाए, वर्षों पुराने 15 फीट चौड़े रास्ते को मुक्त कर यथावत बहाल किया जाए और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। मोहल्लेवासियों ने चेतावनी दी कि यदि उन्हें जल्द न्याय नहीं मिला तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे।

Static Fallback middleAd2 Ad

अपने ज़िले और उसके गांवों की खबरें जानने के, लिए जुड़े हमसे अभी

×