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gorakhpur, cm yogi, cold day, January, Health, girl, student 14-Jan-2026 09:52 AM

गोरखपुर में 16-24 जनवरी तक छात्राओं की स्वास्थ्य जांच:जूनियर पिंक कार्ड जारी होंगे, पोषण निगरानी के निर्देश

गोरखपुर के कस्तूरबा विद्यालयों में छात्राओं की स्वास्थ्य जांच कराएगा। बालिका समृद्धि पखवाड़ा के तहत 16 से 24 जनवरी तक चलने वाले अभियान में छात्राओं को उपचार, दवाओं और परामर्श की सुविधा दी जाएगी। जांच के बाद जूनियर पिंक कार्ड जारी किए जाएंगे, ताकि आयरन फोलिक सप्लीमेंट पोषण स्थिति की निगरानी की जा सके।

मुख्य चिकित्सा अधिकारी (CMO) डॉ. राजेश झा ने जिला स्वास्थ्य समिति (DHS) की कार्यकारी निकाय की बैठक में तैयारी को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए। CMO ने कहा कि सभी ब्लॉक की राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम (RBSK) टीम छात्राओं की 100 प्रतिशत स्वास्थ्य जांच सुनिश्चित करें। जांच में खून के स्तर, आंखों की जांच सहित सामान्य स्वास्थ्य से जुड़े परीक्षण शामिल होंगे।

पिंक कार्ड से होगी सप्लीमेंट और पोषण की निगरानी

CMO ने बताया कि छात्राओं को जारी होने वाले जूनियर पिंक कार्ड के माध्यम से विकली आयरन फोलिक सप्लीमेंटेशन की स्थिति और पोषण स्तर पर नियमित निगरानी की जाएगी। इससे छात्राओं में एनीमिया की रोकथाम और पोषण सुधार पर प्रभावी काम होगा।

बैठक में CMO ने निर्देश दिया कि खिचड़ी मेल को देखते हुए सभी स्वास्थ्य इकाइयां 24 घंटे आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए तैयार रहें। उन्होंने अस्पतालों में आवश्यक संसाधन, दवाएं और चिकित्सा स्टाफ की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा।

आशाओं का भुगतान समय से करने और प्रसव बढ़ाने पर जोर

जननी सुरक्षा योजना के तहत प्रसव बढ़ाने के लिए आशा कार्यकर्ताओं की क्लस्टरवार बैठकें कराने का निर्देश दिया गया। CMO ने कहा कि जो आशाएं कार्य में रुचि नहीं ले रही हैं, उनके विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई की जाए। साथ ही आशा कार्यकर्ताओं का भुगतान समय पर कराने को भी कहा गया।

CMO ने एचबीएनसी और एचबीवाईसी कार्यक्रम के अंतर्गत कम भ्रमण करने वाली आशाओं पर कार्रवाई करने का निर्देश दिया। एनसीडी कार्यक्रम में CMO ने सीएचओ, एएनएम, डॉक्टर और आशाओं की नियमित समीक्षा पर जोर दिया।

एनक्वास के लिए स्वास्थ्य इकाइयों को निर्देश

CMO ने प्रत्येक ब्लॉक से कम से कम पांच स्वास्थ्य इकाइयों को एनक्वास (NQAS) के लिए तैयार करने को कहा। इससे स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता में सुधार होगा और मानक उपलब्धियां बढ़ेंगी। CMO ने बुखार के मरीजों को ईटीसी में भर्ती कर बेहतर प्रबंधन करने और आवश्यक जांच के लिए सैंपल जिला स्तर पर भेजना सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी अभियान और स्वास्थ्य गतिविधियों को गंभीरता से पूरा कराएं।

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