कल दिखेगा अद्भुत नजारा, आसमान में बेहद करीब नजर आएंगे शुक्र-बृहस्पति ग्रह, बिना टेलीस्कोप देख सकेंगे लोग
रूरल न्यूज नेटवर्क।गोरखपुर में
लोगों के लिए मंगलवार की शाम बेहद खास होने वाली है। सूर्यास्त के बाद पश्चिमी
आकाश में शुक्र और बृहस्पति ग्रह का खूबसूरत संयोजन (कंजंक्शन) दिखाई देगा। इस
दौरान दोनों ग्रह एक-दूसरे के काफी नजदीक चमकते हुए नजर आएंगे। खास बात यह है कि
इस खगोलीय नजारे को देखने के लिए किसी खास उपकरण की जरूरत नहीं होगी। साफ मौसम
होने पर लोग इसे अपनी आंखों से आसानी से देख सकेंगे।
खगोलविद अमर पाल सिंह ने
बताया कि मंगलवार को शुक्र और बृहस्पति ग्रह मिथुन तारामंडल क्षेत्र में दिखाई
देंगे। इस दौरान शुक्र ग्रह का मैग्नीट्यूड करीब माइनस 3.89 और बृहस्पति ग्रह का मैग्नीट्यूड करीब माइनस 1.70 रहेगा। पृथ्वी से देखने पर दोनों ग्रह काफी करीब दिखाई
देंगे। खगोल विज्ञान में ऐसी स्थिति को कंजंक्शन या युति कहा जाता है। हालांकि, वास्तव में अंतरिक्ष में दोनों ग्रहों के बीच करोड़ों
किलोमीटर की दूरी होती है।
ग्रहों की चाल से बनती है
ऐसी स्थिति
अमर पाल सिंह ने बताया कि
सभी ग्रह सूर्य की परिक्रमा एक तय मार्ग पर करते हैं, जिसे क्रांतिवृत्त कहा जाता है। इसी कारण कई बार पृथ्वी से
देखने पर दो या उससे अधिक ग्रह आकाश के एक ही हिस्से में दिखाई देने लगते हैं। इसी
स्थिति की वजह से ग्रह एक-दूसरे के करीब नजर आते हैं।
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खगोलविद के अनुसार, मंगलवार को सूर्यास्त के बाद पश्चिम दिशा में यह नजारा देखा
जा सकेगा। शुक्र ग्रह रात के आकाश में सबसे ज्यादा चमकने वाले ग्रहों में शामिल है, जबकि बृहस्पति भी काफी चमकीला दिखाई देता है। अधिक चमक होने
के कारण दोनों ग्रहों को बिना दूरबीन या टेलीस्कोप के भी आसानी से देखा जा सकता
है।
दूरबीन से और शानदार दिखेगा
नजारा
उन्होंने बताया
कि यदि किसी के पास टेलीस्कोप या दूरबीन उपलब्ध है तो यह नजारा और भी शानदार दिखाई
देगा। इसकी मदद से बृहस्पति ग्रह और उसके चंद्रमाओं को भी देखा जा सकेगा। मंगलवार
को दोनों ग्रहों के बीच कोणीय दूरी करीब 1.6 डिग्री रहेगी, जिससे दोनों एक-दूसरे के काफी पास नजर आएंगे।
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अमर पाल सिंह ने बताया कि
शुक्र और बृहस्पति कुछ दिनों से पश्चिमी आकाश में आसपास दिखाई दे रहे हैं। मंगलवार
को दोनों ग्रह सबसे करीब होंगे। लोग शाम से लेकर रात करीब 9 बजे तक इस खगोलीय घटना को देख सकेंगे। इसके बाद दोनों
ग्रह धीरे-धीरे पश्चिमी क्षितिज की ओर चले जाएंगे।