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• gorakhpur, cm yogi, cold day, AIIMS, scientist, nursing officer • गोरखपुर / चरगांवा • 27-01-2026

AIIMS की नर्सिंग ऑफिसर को वैज्ञानिक बन ठगा:मेट्रिमोनियल साइट पर शादी तय की; मां के अंतिम संस्कार के नाम पर हड़पे 3.29 लाख

रूरल न्यूज नेटवर्क। गोरखपुर एम्स की सीनियर नर्सिंग ऑफिसर के साथ 3.29 लाख रुपए की जालसाजी का मामला सामने आया है। नर्सिंग ऑफिसर शादी के लिए मेट्रोमोनियल वेबसाइट पर सर्च कर रही थीं। इसी बीच एक युवक से बातचीत शुरू हुई।

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उसने खुद का इसरो का वैज्ञानिक बताया। इसके बाद विश्वास में लेकर जालसाज ने मां के अंतिम संस्कार और क्रिया कर्म करने के नाम पर 3.29 लाख रुपए UPI के माध्यम से मंगा लिए, फिर संपर्क तोड़ लिया।

नर्सिंग ऑफिसर ने एम्स थाने में एप्लिकेशन देकर रविवार को मुकदमा दर्ज कराया है। एम्स थाने की पुलिस, साइबर सेल जांच में जुट गई है। मंगलवार को आरोपी युवक के अकाउंट्स डिटेल के लिए पुलिस ने बैंक से संपर्क किया।

नर्सिंग ऑफिसर बोलीं- युवक मुझसे गोरखपुर मिलने भी आया था एम्स की सीनियर नर्सिंग ऑफिसर ने एप्लिकेशन देकर बताया- मैं काफी दिनों से अच्छे वर की तलाश में थी। मैंने मेट्रोमोनियल वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन किया है। इसके माध्यम से 2 दिसंबर 2024 को मेरी एक व्यक्ति से बातचीत शुरू हुई। उसने अपना नाम उमाकांत वर्मा बताते हुए खुद को इसरो का वैज्ञानिक बताया था।

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मुझे शादी का प्रस्ताव दिया। इसके बाद मेरे परिवार वालों से भी मोबाइल पर बात कर उनका विश्वास जीता। वह साल 2024 में मुझसे मिलने गोरखपुर भी आया। यहां मेरी उससे मुलाकात हुई। वह खुद को काफी बिजी दिखा रहा था। बार-बार कहता था कि काम की वजह से बात करने का समय नहीं मिल पाता है।

मां के क्रिया कर्म के लिए मांगे रुपए नर्सिंग ऑफिसर ने बताया, मैं युवक पर काफी विश्वास करने लगी थी। वह बातें बहुत अच्छी करता था। साल 2024 के दिसंबर माह में उमाकांत ने कॉल कर बताया कि मां की बहुत तबीयत खराब है। उसने मुझसे कुछ रुपए लिए। इसके बाद बताया कि मां की मौत हो गई। मेरे पैसे बैंक से नहीं निकल पा रहे हैं। उसने यह कहते हुए अपनी मां के क्रिया कर्म के लिए पैसे मांगे।

मैंने 13 दिसंबर से लेकर 25 जनवरी 2025 तक युवक के बैंक खाते में UPI के माध्यम से कुल 3.29 लाख रुपए भेजे। इसके बाद युवक ने मुझसे संपर्क तोड़ लिया। मैंने कॉल कर अपने पैसे मांगे तो मोबाइल बंद कर लिया। तब मुझे एहसास हुआ कि मेरे साथ साइबर जालसाजी हुई है।

नर्सिंग ऑफिसर बोलीं, मेरे पास वॉट्सऐप चैट के सबूत नर्सिंग ऑफिसर ने बताया- काफी समय तक युवक का इंतजार किया। जब उसने कॉल नहीं की, तब मैंने साइबर क्राइम पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराई। मेरे पास उसकी वॉट्सऐप चैट भी मौजूद है। UPI ट्रांजेक्शन की डिटेल भी पुलिस को सौंपी है।

इस संबंध में एम्स थाना इंचार्ज चंद्र प्रकाश पांडेय ने बताया कि एम्स में काम करने वाली युवती की तहरीर पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। जांच पड़ताल की जा रही है।

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