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Wednesday, 10th June, 2026
कौड़ीराम
रूरल न्यूज नेटवर्क। गोरखपुर में
वाहनों की फिटनेस जांच अब अधिक पारदर्शी और सुगम होगी। परिवहन विभाग ने भौवापार
स्थित सेवईबाजार (ऊंचगांव) में अपना पहला निजी ऑटोमेटिक फिटनेस जांच केंद्र
(स्वचालित परीक्षण स्टेशन) खोला है।
यह केंद्र वाहन स्वामियों
को गीडा दफ्तर में लंबी कतारों और बिचौलियों की मनमानी से मुक्ति दिलाएगा।लगभग दो
एकड़ में फैला यह अत्याधुनिक केंद्र प्रतिदिन सुबह 9 बजे से शाम 6 बजे तक संचालित होगा। यह सेंटर नेशनल इंफॉर्मेटिक्स सेंटर
(एनआईसी) से जुड़ा है और परिवहन विभाग की सीधी निगरानी में कार्य करेगा।
बुधवार को इसका सफल परीक्षण
किया गया, जिसके बाद गुरुवार से निर्धारित शुल्क पर वाहनों
की फिटनेस जांच शुरू हो गई है।यह केंद्र वाहनों की व्यापक जांच के लिए आधुनिक
मशीनों का उपयोग करेगा।
इसमें प्रदूषण जांच से लेकर
चक्का, हॉर्न, इंजन, लाइट और बैटरी सहित वाहन के हर हिस्से की जांच की जाएगी। गोरखपुर के सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी (एआरटीओ) अरुण
कुमार ने बताया कि मशीनों की जांच में पास होने के बाद ही वाहनों का फिटनेस प्रमाण
पत्र जारी किया जाएगा। यदि कोई वाहन जांच में पास नहीं होता है, तो उसे प्रमाण पत्र नहीं मिलेगा।
ऑटोमेटिक फिटनेस जांच
केंद्र में हल्के और भारी वाहनों के लिए अलग-अलग लेन बनाए गए हैं। निर्धारित
प्लेटफॉर्म पर वाहन के पहुंचते ही स्वचालित मशीनें पूरी जांच कर लेंगी। इस केंद्र पर प्रतिदिन 50 से 60 वाहनों की फिटनेस जांच की जा सकेगी।अभी तक परिवहन विभाग में
वाहनों की फिटनेस जांच मैनुअल तरीके से होती थी।
एक ही संभागीय निरीक्षक
होने के कारण वाहनों की संपूर्ण जांच संभव नहीं हो पाती थी। संभागीय निरीक्षक
दोपहर तक ड्राइविंग लाइसेंस जारी करते थे और दोपहर बाद गीडा स्थित कार्यालय में
वाहनों की जांच करते थे, जिससे जांच
केवल खानापूर्ति बनकर रह जाती थी।