उद्यान विभाग 90 अनुदान पर खेतों में लगाएगा ड्रिप सिंचाई संयंत्र, इससे कम पानी-लागत में बढ़ेगी पैदावार
पिपराइच : किसानों को सिंचाई की बढ़ती लागत और पानी की समस्या से राहत दिलाने के लिए उद्यान विभाग ने ड्रिप सिंचाई को बढ़ावा देने की पहल शुरू की है। शासन के निर्देश पर किसानों के खेतों में ड्रिप सिंचाई संयंत्र लगाए जाएंगे। योजना के तहत पात्र किसानों को 90 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। इससे कम पानी और कम लागत में फसलों की बेहतर पैदावार लेने के साथ जल संरक्षण को भी बढ़ावा मिलेगा। यह जानकारी बुधवार को पिपराइच चीनी मिल के सभागार में उद्यान विभाग की ओर से आयोजित ड्रिप सिंचाई कार्यशाला में जिला उद्यान अधिकारी पारस नाथ ने दी। उन्होंने बताया कि ड्रिप सिंचाई से पानी सीधे पौधों की जड़ों तक पहुंचता है। इससे पानी की बर्बादी कम होती है और सिंचाई पर लगने वाला समय व खर्च भी घटता है। किसान उपलब्ध पानी का बेहतर उपयोग करते हुए फसल उत्पादन बढ़ा सकते हैं।
जिला उद्यान अधिकारी ने बताया कि योजना के तहत ड्रिप सिंचाई संयंत्र की लागत करीब 1.45 लाख रुपये निर्धारित है। पात्र लघु एवं सीमांत किसानों को योजना के तहत 90 प्रतिशत तक अनुदान का लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि क्षेत्र में बड़ी संख्या में किसान गन्ने की खेती करते हैं। चीनी मिल और गन्ना समितियों के सहयोग से योजना का लाभ अधिक से अधिक वास्तविक किसानों तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।कार्यशाला में महेंद्र सिंह, पुरुषोत्तम सिंह, राम उदित सिंह, बलवंत सिंह, अरुण सिंह, सुनील गुप्ता, संजय सिंह, नर्वदा सिंह, अनिल सिंह, राम प्रसाद, रमाकांत सिंह समेत बड़ी संख्या में किसान, गन्ना पर्यवेक्षक, गन्ना प्रबंधक, मुख्य गन्ना प्रबंधक और ज्येष्ठ गन्ना विकास निरीक्षक मौजूद रहे।
जिला गन्ना अधिकारी पीएन सिंह ने गन्ना पर्यवेक्षकों को निर्देश दिया कि वे ड्रिप सिंचाई योजना की पूरी जानकारी प्राप्त कर गांव-गांव और घर-घर किसानों तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि पात्र किसान योजना के लाभ से वंचित न रहें। किसानों को ड्रिप संयंत्र लगाने की प्रक्रिया, अनुदान और इसके फायदे के बारे में भी जानकारी दी जाए।