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Saturday, 13th June, 2026
उरूवा
रूरल न्यूज नेटवर्क। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने धुरियापार इंडस्ट्रियल
टाउनशिप की घोषणा की है, जिसे ‘ग्रेटर गीडा’ के रूप में विकसित किया जा रहा है। यह
परियोजना पूर्वांचल के औद्योगिक विकास में बड़ी भूमिका निभाएगी। इसका उद्देश्य
दक्षिणी गोरखपुर को प्रदेश के प्रमुख औद्योगिक और निवेश केंद्र के रूप में स्थापित
करना है। यह औद्योगिक टाउनशिप 6800 एकड़ से अधिक
क्षेत्र में फैले कई गांवों को कवर करेगी। इसे ग्रेटर नोएडा मॉडल की तर्ज पर
विकसित किया जा रहा है, जहां उद्योगों के साथ आधुनिक शहरी सुविधाएं भी उपलब्ध
होंगी। परियोजना क्षेत्र को सीधे गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे से जोड़ा जाएगा, जिससे परिवहन
और माल ढुलाई आसान होगी। प्रस्तावित रेलवे कनेक्टिविटी और फोरलेन सड़कों का
नेटवर्क इसे भविष्य के बड़े लॉजिस्टिक्स हब के रूप में स्थापित करेगा। गीडा प्रशासन चरणबद्ध तरीके से औद्योगिक सेक्टर विकसित कर
रहा है। सेक्टर-5 का विकास लगभग
पूरा हो चुका है, जबकि अन्य
सेक्टरों में भूमि विकास और आधारभूत ढांचे का निर्माण तेजी से जारी है। सीमेंट, ऊर्जा, उपभोक्ता
उत्पाद और अन्य विनिर्माण इकाइयों के लिए भूमि आवंटन की प्रक्रिया चल रही है। कई
बड़ी कंपनियों ने यहां निवेश में रुचि भी दिखाई है।
इस परियोजना से
हजारों करोड़ रुपये के निवेश की संभावना जताई जा रही है। इससे स्थानीय युवाओं के
लिए बड़े पैमाने पर रोजगार के अवसर पैदा होंगे। औद्योगिक इकाइयों के साथ परिवहन, व्यापार, सेवा और अन्य
सहायक क्षेत्रों में भी रोजगार बढ़ने की उम्मीद है।
धुरियापार इंडस्ट्रियल टाउनशिप केवल उद्योगों तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि यहां सड़क, बिजली, जलापूर्ति, परिवहन, आवास और अन्य नागरिक सुविधाओं से युक्त आधुनिक औद्योगिक शहर विकसित किया जाएगा। इसके पूरा होने के बाद गोरखपुर की पहचान धार्मिक और शैक्षणिक केंद्र के साथ-साथ पूर्वांचल के प्रमुख औद्योगिक हब के रूप में भी मजबूत होगी।